Advertisment
क्राइमछत्तीसगढ़दुर्गभिलाई

फर्जी दस्तावेजों के जरिए की भिलाई स्टील प्लांट में की 30 साल नौकरी, बड़े भाई की शिकायत पर हुआ गिरफ्तार

S-G-Travels
WhatsApp-Image-2026-06-17-at-4.28.41-PM-300x200
WhatsApp Image 2026-07-05 at 5.05.16 PM

दुर्ग। दुर्ग पुलिस ने 30 साल से भिलाई स्टील प्लांट में फर्जी मार्कशीट के आधार पर नौकरी करने के आरोप में एक आरोपी को गिरफ्तार किया है. उसने BSP में नौकरी पाने के लिए फर्जी अंकसूची के साथ-साथ फर्जी अनुकंपा नियुक्ति का भी दस्तावेज तैयार कर नौकरी की. मामले में शिकायत करने वाला कोई और नहीं बल्कि आरोपी का बड़ा भाई ही है.

भिलाई के भट्ठी थाना पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, गुंडरदेही बालोद निवासी मंथीर राम टंडन ने पिछले साल SP कार्यालय में शिकायत की थी कि उसके पिता लैनू राम टंडन BSP के कोक ओवन विभाग में सीनियर ऑपरेटर के पद पर कार्यरत थे. वर्ष 1990 पिता मेडिकल अनफिट हो गए. छोटे भाई किशन लाल ने अनुकंपा नियुक्ति के लिए आवेदन किया था. उस दौरान उसने 10वीं पास का सार्टिफिकेट लगाया था, जबकि उनका भाई 10वीं की परीक्षा में फेल हो गया था.

इसे भी पढ़ें:  मातृ शिशु अस्पताल में निकल रहे सांप, सकते में आया स्टाफ, तीन दिन से नहीं कराई जा रही है डिलीवरी

भिलाई स्टील प्लांट में नौकरी पाने के लिए किशन ने फर्जी 10वीं पास की मार्कशीट और अनुकंपा नियुक्ति के दस्तावेज तैयार किए. इसके आधार पर उसने BSP में नियमित कर्मचारी के रूप में एमएम सिविल मेंटनेंस डिपार्टमेंट सेक्टर 9 में अटेंडेंट सिविल के पद पर नियुक्ति पा ली.

टीआई रंगारी ने बताया कि शिकायत के बाद पूरे मामले की जांच शुरू की गई. BSP से दस्तावेज मांगे गए तो पता चला कि किशन लाल ने वर्ष 1993 में एनएमआर की श्रेणी में अनुकंपा नियुक्ति के समय जो दस्तावेज अपनी शैक्षणिक योग्यता के संबंध में जमा किया था. वह फर्जी दस्तावेज थे. इस आधार पर भट्ठी पुलिस ने ग्राम-पुरई उतई निवासी आरोपी किशन लाल के खिलाफ धारा 420,467, 468, 471 के तहत अपराध दर्ज करते हुए गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है.

इसे भी पढ़ें:  सुकमा: गोगुंडा गांव में मलेरिया से पखवाड़े भर में 10 आदिवासियों की हुई मौत

mediahousempcg

RAJIV RASTOGI NEWS NETWORK SERVICE

Related Articles