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छत्तीसगढ़

सड़क हादसे में 2 युवकों की मौत, शव लेकर एंबुलेंस में साथ आ रहे शख्स की रहस्यमयी तरीके से मिली लाश, परिजनों ने थाने का किया घेराव

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रायगढ़. दशहरा पर्व पर कार्यक्रम से देर रात घर लौट रहे बाइक सवार दो युवकों की खड़े टाटा अल्ट्रा ट्रक से टकराकर मौत हो गई. शवों को लेकर जाने वाली एंबुलेंस में युवक नरेश भी सवार था. जिसकी कुछ देर बाद ही सड़क किनारे लाश मिली. इस घटना को लेकर परिजनों और गांव वालों में रोष है. उन्होंने थाने के बाहर जमकर प्रदर्शन किया और न्याय की मांग की. साथ ही मामले में डॉयल 112 की लापरवाही मिलने पर राष्ट्रीय राजमार्ग पर चक्काजाम करने की चेतावनी दी है. पूरा मामल मामला धरमजयगढ़ थाना क्षेत्र का है.

मिली जानकारी के अनुसार, जीवन लाल राठिया ने धरमजयगढ थाना में रिपोर्ट लिखाते हुए बताया की उसका चचेरा भाई आशीष राठिया अपने एक साथी सरोज भोय के साथ दशहरा देख कर मोटर सायकल से वापस लौट रहा था। इस दौरान देर रात करीब 1 बजे के आसपास धरमजयगढ़ से वापस अपने गांव खम्हार लौट रहा था. इस बीच नकना और खम्हार के मध्य सड़क किनारे खड़ी टाटा अल्ट्रा ट्रक क्रमांक CG13 AF3270 से बाइक सवार दोनों युवक जा टकराए, इस दौरान बाइक सरोज भोय चला रहा था और आशीष  राठिया पीछे बैठा था. घटना के बाद 108 एम्बुलेंस से मदद के लिए मृतकों का दोस्त नरेश भी बैठा था. लेकिन कुछ देर बाद उसकी सड़क किनारे लाश मिली.

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इस दुर्घटना में आशीष राठिया और सरोज भोय का सिर नीचे सड़क से टकराने से फट गया. दोनों घायलों को संजीवनी 108 की मदद से तत्काल सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां प्रारंभिक जांच में ही डॉक्टर ने दोनों युवकों को मृत घोषित कर दिया.

सैकड़ों ग्रामीण हाथों में बैनर और नरेश की फोटो लेकर थाने पहुंचे और 108 संजीवनी एक्सप्रेस सेवा के खिलाफ जमकर नारेबाजी की. प्रत्यक्षदर्शी रामेश्वर सवरा ने बताया कि नरेश एम्बुलेंस में शवों के साथ मदद के लिए बैठा, लेकिन 20 मिनट बाद सड़क किनारे घायल पड़ा मिला. ये कैसे संभव है? चालक जानबूझकर अंजान बन रहा है. मामले की सबके सामने पूछताछ हो, वरना राष्ट्रीय राजमार्ग पर चक्का जाम करेंगे. ग्रामीणों ने थाने के बाहर धरना शुरू कर दिया, जिससे आवागमन बाधित हो गया. आशीष राठिया और सरोज सवरा के परिजन थाने पहुंचे, उनका कहना है कि हमारी तोड़ दी गई जिंदगी पर कोई मुआवजा नहीं चलेगा. असली दोषी पकड़े जाएं.

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RAJIV RASTOGI NEWS NETWORK SERVICE

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