Advertisment
छत्तीसगढ़जांजगीर-चांपा

जांजगीर-चांपा में शराब दुकान से 78 लाख की लूट:अब तक भी नहीं मिला सुराग, 30 हजार का इनाम घोषित

S-G-Travels
WhatsApp-Image-2026-06-17-at-4.28.41-PM-300x200
WhatsApp Image 2026-07-05 at 5.05.16 PM

जांजगीर-चांपा के खोखरा क्षेत्र में शराब दुकान के पास 78 लाख रुपए की लूट के दो महीने बाद भी बदमाश पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं। लगभग 60 दिन बीत चुके हैं, लेकिन आरोपियों का अभी तक कोई सुराग नहीं मिल सका है। पुलिस ने आरोपियों पर 30 हजार रुपए के इनाम की घोषणा किया है।

इस तरह हुई थी शराब दुकान में लूट की वारदात

यह मामला खोखरा क्षेत्र का है। जहां 14 जनवरी 2005 को शराब दुकानों से कैश कलेक्शन कर रही टीम शाम पांच बजे खोखरा शराब दुकान पहुंची। इस टीम में मेन कलेक्शन एजेंट धीरज सिंह के साथ ड्राइवर अमन सिंह और एक सिक्योरिटी गार्ड शैलेंद्र सिंह शामिल थे।

इसे भी पढ़ें:  MBBS डॉक्टर ने पोस्टमॉर्टम के मांगे पैसे : पहले 500 रुपए लिए फिर किया पोस्टमॉर्टम, स्वास्थ्य विभाग ने भेजा नोटिस

जैसे ही धीरज सिंह और ड्राइवर अमन सिंह कैश लेने खोखरा शराब दुकान पहुंचे। वहीं गार्ड शैलेंद्र सिंह गाड़ी के बाहर खड़ा था। इसी दौरान दो युवक वहां पहुंचे और गार्ड से गाड़ी खोलने के लिए कहा।

गार्ड के पैरे में फायर की गोली, फिर कैश लेकर हुए फरार

इसी दौरान अमन वहां वापस आ गया तो देखा कि दो युवक गार्ड शैलेंद्र से बहस कर रहे थे। वहां गार्ड ने गाड़ी खोलने से मनाकर किया तो बदमाशों ने गार्ड के पैर में देसी कट्टे से फायर कर दिया। इसके बाद दोनों बदमाश गाड़ी के अंदर रखे पेटी से कैश निकालकर बैग में भर लिया और मोटरसाइकिल से फरार हो गए।

इसे भी पढ़ें:  स्कूली बच्चों से भरी वैन खेत में पलटी: 15 से 20 बच्चे सवार थे, हादसे में कई बच्चों को आई चोटें, इलाज जारी

दो महीने बाद भी आरोपियों का नहीं मिला कोई सुराग

दो बदमाशों ने गार्ड पर फायरिंग कर 78 लाख रुपए की लूट की। यह राशि शराब दुकानों की दैनिक बिक्री का कलेक्शन था। वारदात के लगभग 60 दिन बीत जाने के बाद भी आरोपियों का कोई सुराग नहीं मिला। आईजी बिलासपुर रेंज डॉ. संजीव शुक्ला ने कहा, 30 हजार रुपए के इनाम की घोषणा की है।

इससे पहले जांजगीर-चांपा के पुलिस अधीक्षक ने भी 5 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था। पुलिस ने विशेष टीम का गठन किया है। टीम तकनीकी जांच और संदिग्धों से पूछताछ कर रही है। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि जानकारी देने वालों की पहचान गोपनीय रखी जाएगी।

इसे भी पढ़ें:  गांधी जयंती विशेष : छुआछूत की दीवार गिराने 1933 में आए थे बलौदाबाजार, दलितों को पिलाया था कुएं का पानी

mediahousempcg

RAJIV RASTOGI NEWS NETWORK SERVICE

Related Articles