
बीजेपी-कांग्रेस में कार्टून वॉर जारी
BJP ने लिखा- मैं हूं मोदी का परिवार पहली लाठी मुझे मारो, कांग्रेस ने पीएम मोदी का जारी किया कार्टून
लोकसभा चुनाव के बीच बीजेपी और कांग्रेस में कार्टून वॉर जारी है। भाजपा ने एक और कार्टून जारी किया है। जिसमें नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत हाथ में लाठी लिए हैं। उनके सामने कुछ लोग खड़े नज़र आ रहे हैं।
कार्टून पोस्टर का कैप्शन दिया गया है कि मैं हूं मोदी का परिवार पहली लाठी मुझे मारो। ये कार्टून महंत के पीएम मोदी वाले विवादित बयान पर निशाना साधते हुए बनाया गया है। इससे पहले भी कई प्रत्याशियों के पोस्टर जारी किए जा चुके हैं।

कांग्रेस ने पीएम मोदी का कार्टून किया जारी
वहीं, कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कर कार्टून जारी किया है। जिसमें उन्होंने केंद्र सरकार पर कई सवाल पूछे गए हैं। कांग्रेस ने लिखा है कि कल बस्तर पधार रहे हैं साहब। स्क्रिप्ट उन्हें मिल चुकी है। लिख कर रख लीजिए यही होने वाला है।

अब जानिए क्या है पूरा विवाद
दरअसल, राजनांदगांव में मंगलवार को भूपेश बघेल के नामांकन के दौरान महंत ने विरोधियों पर निशाना साधा था। जनसभा में महंत ने कहा था, हमें नरेंद्र मोदी का मूड़ (सिर) फोड़ने वाला आदमी चाहिए। रात-दिन तंग करके चीन भेजने वाला आदमी चाहिए। एक संरक्षक चाहिए, अच्छा लाठी धर कर मारने वाला।
वहीं, उन्होंने उद्योगपतियों को लेकर कहा कि, नवीन जिंदल ने रायगढ़ और पूरी खदानों को लूट लिया। इन लोगों ने हम छत्तीसगढ़ियों की ऐसी की तैसी की है। हमने ही इन्हें सिर पर चढ़ाकर रखा था। हमें कहने में शर्म नहीं है कि ऐसे लोगों को तो हमें जूते मारने चाहिए।
बीजेपी का विरोध लगातार जारी
बीजेपी इसके खिलाफ बुधवार को सड़क पर उतर आई। डिप्टी CM विजय शर्मा समेत तमाम भाजपाइयों ने रायपुर स्थित महंत के सरकारी बंगले के बाहर प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि हम तो लाठी खाने के लिए आए हैं।
भाजपाइयों ने सिविल लाइन थाने के बाहर भी नारेबाजी कर FIR दर्ज करने की मांग की। बयान के खिलाफ चुनाव आयोग में भी शिकायत की गई है और ‘मैं हूं मोदी का परिवार, पहले लाठी मुझे मारो’ पोस्टर भी जारी किया है।
हंगामा बढ़ने पर महंत ने बयान पर सफाई दी है। उन्होंने कहा कि उनके बयान को तिल का ताड़ बना दिया गया। प्रधानमंत्री सम्मानित पद है। मैंने ऐसा कुछ कहा ही नहीं है, लोग पता नहीं क्यों कह रहे हैं। मैं तो कबीरपंथी हूं, मैं इस तरह की गलत बात तो कर ही नहीं सकता। मेरी बातों से बुरा लगा है, तो मैं खेद व्यक्त करता हूं।



