
INDIA गठबंधन का ‘The End’! उमर अब्दुल्ला बोले- इसे खत्म कर दो, न नेतृत्व और न ही एजेंडे को लेकर स्पष्टता, ममता-अखिलेश ने भी छोड़ा ‘हाथ’
दिल्ली विधानसभा चुनाव से पहले इंडिया गठबंधन के अस्तित्व पर ही खतरे के बादल मंडराने लगे हैं। दिल्ली विधानसभा चुनाव में आप और कांग्रेस एक दूसरे के खिलाफ लड़ रहे हैं। ऐसे में इंडिया अलांयस के पार्टियां ही अब इसे खत्म करने का मन बना रहे हैं। दिल्ली में आप-कांग्रेस के बीच जारी घमासान पर अब उमर अब्दुल्ला ने निशाना साधा है। उन्होंने कहा है कि अगर यह गठबंधन संसदीय चुनाव के लिए था तो इसे खत्म कर देना चाहिए। वैसे भी इस गठबंधन के न नेतृत्व और न ही एजेंडे को लेकर स्पष्टता है।
बता दें कि लोकसभा चुनाव में आप और कांग्रेस इंडिया गठबंधन का हिस्सा थीं। दोनों ने साथ मिलकर दिल्ली की सभी 7 सीटों पर भाजपा के खिलाफ चुनाव लड़ा था। वहीं अब दिल्ली विधानसभा चुनाव में दोनों एक-दूसरे के खिलाफ लड़ रहे हैं।
उमर अब्दुल्ला ने कहा कि इंडिया गठबंधन के नेतृत्व या एजेंडे के बारे में कोई स्पष्टता नहीं है और अगर विपक्षी गुट का गठन पिछले साल संसदीय चुनाव के लिए किया गया था तो उसे जरूर ही खत्म कर देना चाहिए। फिर हम अपना काम अलग से करेंगे। दिल्ली चुनाव पर जम्मू-कश्मीर के सीएम ने कहा कि विपक्ष एकजुट नहीं है, इसलिए इंडिया ब्लॉक को भंग कर देना चाहिए. आप और कांग्रेस दोनों ही इंडिया ब्लॉक का हिस्सा हैं लेकिन दोनों पार्टियां दिल्ली चुनाव अलग-अलग लड़ रही हैं। बात सिर्फ यहीं तक खत्म नहीं होती, ये दोनों पार्टियां एक दूसरे जमकर छीटाकशी भी कर रही हैं।
दिल्ली से मुझे कुछ नहीं लेना-देना
अब्दुल्ला ने कहा, “दिल्ली में क्या चल रहा है, इस बारे में मुझे कुछ नहीं कहना है। हमारा दिल्ली चुनाव से कुछ लेना देना नहीं है। जहां तक मुझे याद है कि इंडिया गठबंधन की कोई समय सीमा नहीं थी। इंडिया गठबंधन की कोई बैठक आयोजित नहीं की जा रही है, इसी वजह से नेतृत्व, एजेंडा या हमारे अस्तित्व के बारे में कोई स्पष्टता नहीं है। अगर ये गठबंधन सिर्फ लोकसभा चुनाव के लिए था तो इसे अब खत्म ही कर देना चाहिए।
भविष्य को लेकर स्पष्टता की कमी पर दुख जताया
उन्होंने 2024 के चुनावों के बाद इंडिया ब्लॉक के भविष्य को लेकर स्पष्टता की कमी पर दुख जताया। जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री ने कहा,’यह बदकिस्मती की बात है कि इंडिया ब्लॉक की कोई बैठक नहीं हुई है। नेतृत्व कौन करेगा? एजेंडा क्या होगा? गठबंधन कैसे आगे बढ़ेगा? इन मुद्दों पर कोई चर्चा नहीं हुई है. इस बात पर कोई स्पष्टता नहीं है कि हम एकजुट रहेंगे या नहीं।
सपा और तृणमूल कांग्रेस ने दिया आप को समर्थन
बता दें कि ममता बनर्जी की तृणमूल कांग्रेस और अखिलेश यादव की सपा ने दिल्ली के आगामी विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी को समर्थन देने की घोषणा की है। अरविंद केजरीवाल ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के निरंतर समर्थन के लिए उनका आभार व्यक्त किया। वहीं अखिलेश यादव ने दिल्ली विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी को समर्थन देने का ऐलान किया है। साथ ही यह भी साफ कर दिया है कि पार्टी दिल्ली विधानसभा चुनाव नहीं लड़ेगी। सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने बयान देते हुए कहा है कि जो भारतीय जनता पार्टी को हराएगा, सपा उसका साथ देगी। दिल्ली मे कांग्रेस के पास मजबूत संगठन नहीं है, ऐसे में हमारा दल आम आदमी पार्टी को समर्थन देगा।



