
देश में पिछली बार से 8% कम वोटिंग, बस्तर में एक दशक बाद चुनाव में नक्सली हिंसा नहीं
इस बार लोकसभा चुनाव के पहले चरण की वोटिंग 2019 के मुकाबले करीब 8% कम रही। पहले चरण की जिन 102 सीटों पर इस बार 62% वोट पड़े हैं, पिछली बार इन्हीं पर 69.96% मतदान हुआ था। इस बार प. बंगाल की जलपाईगुड़ी सीट पर सबसे ज्यादा 79.33% और बिहार की नवादा सीट पर 40.2% वोट पड़े। 2019 में भी नवादा सीट पर सबसे कम 49.73% वोटिंग हुई थी।
पिछली बार अरुणाचल पूर्व में सबसे ज्यादा 87.03% मतदान हुआ था। हालांकि, अभी ये आंकड़े रात 8 बजे तक के हैं। इसलिए वोटिंग का आंकड़ा बढ़ने के आसार हैं। महाराष्ट्र के नक्सल प्रभावित गढ़चिरौली में दोपहर 3 बजे ही मतदान प्रक्रिया हो गई। बस्तर में भी कुछ बूथ पर जल्दी वोटिंग हुई। बंगाल के कूचबिहार में हिंसा हुई।
वहीं, छत्तीसगढ़ के बस्तर में करीब 63.41% वोटिंग हुई, जबकि पिछली बार 63.96% वोटिंग हुई थी। बस्तर में पहले चरण मतदान पूर्णत: शांतिपूर्ण रहा। पिछले एक दशक में यह पहला मौका है, जब मतदान से पहले और मतदान वाले दिन किसी तरह की नक्सली वारदात नहीं हुई।



