Advertisment
छत्तीसगढ़

सदन में उठा एपीएल राशन कार्ड से बीपीएल राशन कार्ड में परिवर्तन का मामला, भाजपा विधायक ने सरकार को घेरा

S-G-Travels
WhatsApp-Image-2026-06-17-at-4.28.41-PM-300x200
WhatsApp Image 2026-07-05 at 5.05.16 PM
ChatGPT Image Aug 14, 2026, 09_44_19 AM
ChatGPT Image Aug 14, 2026, 09_46_45 AM
ChatGPT Image Aug 14, 2026, 09_35_18 AM
ChatGPT Image Aug 14, 2026, 09_41_56 AM
ChatGPT Image Aug 14, 2026, 09_49_26 AM
ChatGPT Image Aug 14, 2026, 09_53_04 AM

रायपुर। सदन में एपीएल राशन कार्ड से बीपीएल राशन कार्ड में परिवर्तन का मामला उठा. बीजेपी विधायक सुशांत शुक्ला ने मुद्दा उठाते हुए अपनी ही सरकार को घेरते हुए मंत्री पर गलत जानकारी देने की बात कही. मामले में अन्य भाजपा विधायकों ने कमेटी बनाकर जांच करने की मांग की.

विधायक सुशांत शुक्ला ने राशन कार्ड को सवाल पूछा था कि क्या बिलासपुर जिला अंतर्गत वर्ष 2023 से नवम्बर, 2025 की अवधि तक सार्वजनिक वितरण प्रणाली हेतु एपीएल राशनकार्डधारियों को परिवर्तित कर बीपीएल राशनकार्ड जारी किया गया है? यदि हां तो कितने राशनकार्ड परिवर्तित किए गए हैं? विकासखण्डवार वर्षवार जानकारी उपलब्ध कराएं?

विधायक ने यह भी पूछा कि क्या एपीएल राशन कार्ड से बीपीएल राशन कार्ड परिवर्तित करने के लिए हितग्राहियों से सहमति ली गई? यदि नहीं तो कारण बताएं? इस हेतु दोषी अधिकारियों पर क्या-क्या कार्यवाही की गई? क्या उक्त कार्य में गड़बड़ी की शिकायत प्राप्त हुई? यदि हां तो क्या कार्यवाही की गई? खाद्य मंत्री दयालदास बघेल ने जब दिया तो विधायक ने मंत्री के जवाब को नकारते हुए कहा कि मंत्री का जवाब तथ्यात्मक रूप से गलत है. जिला प्रशासन ने फर्जी राशन कार्ड के मामले में चार एफआईआर कराया है. विधायक ने मंत्री से फिर पूछा कि क्या जिला प्रशासन ने एफआईआर गलत कराया है. विधायक के तीखे सवालों का मंत्री के पास जवाब ही नहीं था. मंत्री की चुप्पी के बीच विधायक सुशांत ने कहा कि खाद्य विभाग के अफसर मंत्री को धोखे में रख रहे हैं. गड़बड़ी करने वालों को खुला संरक्षण दिया जा रहा है.

इसे भी पढ़ें:  जांजगीर-चांपा में पत्नी की गला दबाकर हत्या

विधायक के तीखे तेवर और सवाल के बीच मंत्री ने विधानसभा अध्यक्ष को संबोधित करते हुए कहा कि बजट सत्र के दौरान भी यह सवाल आया था. कलेक्टर कीअध्यक्षता में जांच के लिए समिति बनी थी. पूरे मामले की जांच कराई गई है. जांच के बाद जानकारी मिली कि 19 राशन कार्ड को एपीएल से बीपीएल में परिवर्तित किया गया है. 15 कार्ड सहमति से एपीएल से बीपीएल में बदला गया. चार कार्ड बिना जानकारी के बीपीएल में बदले गए. पूरा मामला बिलासपुर नगर निगम के जोन क्रमांक चार का है. जोन कमिश्नर के अनुशंसा के आधार पर बनाया गया है. मंत्री ने बताया कि जोन कमिश्नर और कार्ड प्रभारी को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है. जवाब मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी.

मंत्री का जवाब पूरी तरह गलत

मंत्री द्वारा सदन में जवाब पेश करने के बाद विधायक सुशांत शुक्ला ने कहा कि मंत्री सदन में जो जवाब दे रहे हैं वह पूरी तरह झूठ है. भ्रष्टाचारियों को खुलेतौर पर संरक्षण दिया जा रहा है. हाथों में दस्तावेज लहराते हुए कहा कि मेरे पास पूरे दस्तावेज हैं. विधानसभा अध्यक्ष को संबोधित करते हुए कहा कि अगर आपकी अनुमति हो तो दस्तावेज सदन के पटल पर रख देता हूं. विधायक सुशांत ने कहा कि 250 ऐसे राशन कार्ड है जो पूरी तरह फर्जी है. इनके दस्तावेज मेरे पर अभी उपलब्ध है. भ्रष्टाचारियों को अफसर लगातार संरक्षण दे रहे हैं. गरीबों के राशन पर ऐसे लोग डाका डाल रहे हैं.

इसे भी पढ़ें:  रायपुर में 20 लाख की लूट, बदमाशों ने युवक को घेरकर वारदात को दिया अंजाम

समिति ने तथ्य ही नहीं लिया

मंत्री ने जब सदन में बताया कि कलेक्टर की अध्यक्षता में मामले की जांच की गई है. विधायक सुशांत ने कहा कि अध्यक्ष महोदय ये कैसी जांच हो गई है और कौन सी समिति ने जांच किया है, हमें तो पता ही नहीं चला. जांच के दौरान जब हमने सवाल उठाया है और जांच की मांग की है,तब समिति ने हमसे संपर्क क्यों नहीं किया, दस्तावेज क्यों नहीं मांगे. तथ्य क्यों नहीं लिए गए. जांच के नाम पर खानापूर्ति कर भ्रष्टाचारियों को खुलेतौर पर संरक्षण देने काम विभाग के अफसर कर रहे हैं.

धर्मजीत ने किया समर्थन

विधायक सुशांत शुक्ला द्वारा उठाए गए फर्जी राशन कार्ड के मुद्दे पर जांच और चर्चा के लिए अतिरिक्त समय की मांग करते हुए विधायक धर्मजीत सिंह ने विधानसभा अध्यक्ष को संबोधित करते हुए कहा कि अध्यक्ष महोदय विधायक सुशांत ने गंभीर मामला उठाया है, उनके संज्ञान में जांच होनी थी, विधायक से जांच समिति को तथ्य मांगे जाने थे. समिति ने ऐसा नहीं किया. यह मामला गंभीर है, चर्चा आधे घंटे बाद करा लीजिए या सदन के हाईपावर कमेटी से जांच करा लीजिए या फिर विधायक की समिति से जांच करा लीजिए. इस पर विधायक सुशांत शुक्ला ने विधानसभा अध्यक्ष से मांग की प्रक्रिया के तहत आधा घंटा का चर्चा करा लीजिए, तथ्य मैं रख रहा हूं. विधानसभा अध्यक्ष ने लिखित में आवेदन पेश करने की सलाह दी. विधायक

इसे भी पढ़ें:  पिकअप पलटने से सीएएफ के दो जवानों की मौत, दो घायल

धरमलाल कौशिक ने खाद्य मंत्री से कहा कि जो अधिकारी गलत जवाब दे रहे हैं उनके खिलाफ कार्रवाई करनी पड़ेगी. अफसरों ने सदन में भद्द करा दी है. गलत जानकारी देने वाले अफसरों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए.

mediahousempcg

RAJIV RASTOGI NEWS NETWORK SERVICE

Related Articles