
राहुल गांधी को जमानत, अमित शाह पर आपत्तिजनक टिप्पणी मामले की चाईबासा कोर्ट में हुई सुनवाई, मिली सशर्त जमानत
गृह मंत्री अमित शाह पर आपत्तिजनक टिप्पणी मामले में राहुल गांधी को जमानत मिल गई है। मानहािन केस में राहुल गांधी आज झारखंड के चाईबासा की एमपी- एमएलए की विशेष अदालत में पेश हुए। कोर्ट ने सुनवाई के बाद मामले में राहुल गांधी को सशर्त जमानत दे दी। कोर्ट ने उन्हें ट्रायल में सहयोग करने की शर्त पर जमानत दी है।
दरअसल भाजपा के नेता प्रताप कटिहार ने मानहानि का केस किया था। यह विवाद राहुल गांधी के 28 मार्च 2018 को दिए गए एक बयान के बाद शुरू हुआ था। राहुल ने अमित शाह पर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी।
राहुल सुबह करीब 10.55 बजे अदालत में पेश हुए। कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के वकील ने कहा, ‘‘राहुल गांधी झारखंड उच्च न्यायालय के निर्देशानुसार अदालत में पेश हुए। उन्होंने जमानत का अनुरोध किया था जो मंजूर कर ली गई। अब हम प्रक्रिया को आगे बढ़ाएंगे। राहुल गांधी की ओर से अधिवक्ता प्रदीप चंद्रा और दीपांकर रॉय ने कोर्ट के समक्ष पक्ष रखा।
गैर जमानती वारंट हुआ था जारी
इससे पहले में राहुल गांधी कोर्ट में उपस्थित नहीं हुए थे। इसके बाद इसी मामले में सुनवाई करते हुए 24 मई को चाईबासा कोर्ट द्वारा कांग्रेस नेता राहुल गांधी के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी करते हुए 26 जून को उन्हें शारीरिक रूप से कोर्ट में उपस्थित होने का आदेश दिया था। चाईबासा कोर्ट द्वारा जारी किए गए गैर जमानती वारंट को निरस्त करने को लेकर राहुल गांधी झारखंड हाईकोर्ट पहुंचे थे। इस पर सुनवाई करते हुए झारखंड हाईकोर्ट के द्वारा उन्हें 6 अगस्त को चाईबासा कोर्ट में उपस्थित होने का निर्देश दिया था।
क्या था पूरा मामला
दरअसल राहुल ने 28 मार्च 2018 को कांग्रेस अधिवेशन के दौरान भाजपा के तत्कालीन राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह पर विवादित बयान दिया था। इसके बाद 9 जुलाई 2018 को प्रताप कटिहार ने चाईबासा कोर्ट में मानहानि का मुकदमा दर्ज करवा दिया। राहुल को इस मामले को लेकर कई बार समन भेजा गया, लेकिन वे हाजिर नहीं हुए। अहम बात यह भी है कि मामला पहले चाईबासा सीजेएम कोर्ट से रांची MP-MLA स्पेशल कोर्ट में शिफ्ट किया गया, लेकिन इसके बाद चाईबासा MP-MLA कोर्ट में आ गया।



